नई दिल्ली: लोकसभा चुनाव 2019 (Lok Sabha Elections 2019) के आखिरी चरण के मतदान डाले जा रहे हैं. लेकिन मतदान से एक दिन पहले मतदाताओं की उंगुलियों पर जबरन स्याही लगाने का मामला सामने आया है. मामला चंदौली का है. जबरन स्याही लगाने के साथ ही उन्हें 500 रुपए भी दिए गए. मामला सामने आने के बाद एसडीएम कुमार हर्ष ने जांच की बात कही है. 
चंदौली लोकसभा के ताराजीवनपुर गांव में दलित बस्ती के लोगों ने बीजेपी कार्यकर्ताओं पर वोट न देने के लिए पैसे बांटने का आरोप लगाया है. दलित बस्ती के कुछ लोगों ने बीजेपी पर आरोप लगाया है कि वोट न देने के लिए उनको न सिर्फ पैसे दिए गए बल्कि उनकी उंगलियों पर चुनाव में इस्तेमाल की जानी वाली स्याही भी लगा दी गई ताकि वो वोट न दे सके. लोगों का आरोप है कि मतदाताओं को 500-500 रुपए दिए गए और वोट न देने की बात कही. 
इन मतदाताओं की उंगुलियों पर लगी स्याही वाली तस्वीरें जारी की हैं. इन लोगों ने अपने हाथ में उन्हें कथित तौर पर दिए गए नोटों पकड़ रखे हैं और उनकी उंगलियों पर स्याही लगी हुई है.
मामला सामने आने के बाद चंदौली के एसडीएम कुमार हर्ष ने इस मामले पर कहा कि मामला सामने आया है, जिसकी जांच की जा रही है. उन्होंने बताया कि शिकायतकर्ताओं ने शिकायत दर्ज करा दी है. उन्होंने बताया कि शिकायतकर्ता  अभी भी वोट डालने के योग्य हैं. क्योंकि चुनाव तब शुरू नहीं हुए थे. उन्हें अपनी एफआईआर में लिखवाना होगा कि उनके उंगलियों पर जबरन स्याही लगाई गई है. 
आपको बता दें कि चंदौली लोकसभा सीट से भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष डॉ. महेंद्र नाथ पांडेय चुनाव मैदान में हैं. वहीं गठबंधन ने डॉ. संजय चौहान को अपना उम्मीदवार मैदान में हैं.