करोनो महामारी का संक्रमण रोकने के लिए फीफा ने अब मैदान में खिलाड़ियों के थूकने पर रोक लगा दी है। आम तौर पर फुटबॉल मुकाबलों के दौरान खिलाड़ी मैदान पर थूक देते हैं। 
प्राप्त जानकारी के अनुसार फीफा की मेडिकल कमेटी ने सभी फुटबॉल लीगों को मैच के दौरान मैदान पर थूंकने से रोकने के लिए सख्त रुख अपनाने को कहा है। साथ ही कहा कि ऐसा करने वालों को कड़ी सजा दी जाएगी। रिपोर्ट के मुताबिक कमेटी के सदस्य माइकल डी हूग ने कहा की फुटबॉल में जमीन पर थूकना एक आम बात है पर यह सही नहीं है। इससे कोरोना संक्रमण फैलता है।  उन्होंने कहा, 'जब हम फिर से फुटबॉल की शुरुआत करेंगे तो सभी खिलाड़ियों को इस बात का ख्याल रखना होगा। थूकना कोई भी वायरस फैलाने का सबसे आसान तरीका है। जो भी खिलाड़ी ऐसे करे उसे पीला कार्ड दिखाया जाएगा।' उन्होंने कहा कि दुबारा खेलों को सुरक्षित बनाये रखने के लिए इस प्रकार के कदम जरुरी हैं। 
वहीं पिछले महीने जब कोरोना संकट शुरु हुआ था तब इंग्लैंड की प्रीमियर लीग के रद्द होने से पहले खिलाड़ियों के हाथ मिलाने पर रोक लगा दी गई थी। ऐसे में हो सकता है कि यह नियम भी जल्द लागू कर दिया जाए। वहीं क्रिकेट में हाथ न मिलाने का फैसला किया गया था। ऑस्ट्रेलिया और न्यूजीलैंड के बीच खाली स्टेडियम में खेले गए एकदिवसीय मैच के दौरान इसे लागू किया गया था। 
हाथ मिलाने पर रहेगी रोक : अभी तक सभी खेलों में आमतौर पर मैच शुरु होने से पहले सभी खिलाड़ी औपचारिक अभिवादन के तौर पर हाथ मिलाते थे पर अब ऐसा नहीं कर सकेंगे। इस नियम पर पालन नहीं करने वाले खिलाड़ियों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। 

क्रिकेट में नजर आयेंगे ये बदलाव 
कोरोना महामारी के खतरे को देखते हुए माना जा रहा है कि जब क्रिकेट फिर शुरु होगा तो गेंद चमकाने के लिए लार और पसीने के इस्तेमाल पर रोक लगेगी। इसकी जगह किसी क्रत्रिम उपाय गेंद पर वेसलीन आदि लगाने की इजाजत आईसीसी दे सकती है हालांकि कई दिग्गज क्रिकेटर इसके खिलाफ हैं। क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया (सीए) ने अपने यहां होने वाले मुकाबलों में पहले ही लार के इस्तेमाल पर रोक लगा दी है। 

बदलेगा जश्न मनाने का अंदाज 
अब जब खेल शुरु होगा तक खिलाड़ियों को सामाजिक दूरी का पालन करना होगा, ऐसे में उन्हें जश्न मनाने में भी सावधानियां रखनी होंगी। बल्लेबाज अजिंक्य रहाणे ने कहा है कि कोरोना वायरस पर नियंत्रण के बाद जब भी खिलाड़ियों की मैदान में वापसी होगी तो विकेट का जश्न मनाने के लिये खिलाड़ियों को अपने तरीके में बदलावा करने होंगे। इसके लिए या तो नमस्ते करें याह फिर दूर से ही हाथ लहराकर दिखायें। रहाणे ने एक कार्यक्रम में कहा कि कोविड-19 के कारण आम जीवन शैली के साथ क्रिकेट का मैदान भी बदलाव से अलग नहीं रहेगा। रहाणे ने कहा, ‘‘ मैदान में खिलाड़ियों को अब और ज्यादा अनुशासित रहना होगा। खेल के दौरान सामाजिक दूरी का भी ध्यान रखना होगा। विकेट गिरने के बाद हमें जश्न के लिए शायद नमस्ते का सहारा लेना पड़े। हम किसी भी चीज को हलके में नहीं ले सकते।’’ उन्होंने कहा, ‘‘विकेट गिरने पर हमें पुराने तरीके से जश्न मनाना होगा जहां हम अपनी जगह खड़े रह कर ताली बजाते हुए खुशी का इजहार करेगे।’’