• साइबर क्राइम की टीम ने टेक्निकल सर्विलांस की जांच की तो दंपती के पाटण में होने का पता चला

शहर में ऑनलाइन ठगी के मामले बढ़ते ही जा रहे हैं। पिछले दो दिनों में साइबर क्राइम के पांच मामले सामने आए हैं। पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। 15 अगस्त को शहर पुलिस ने साइबर क्राइम से बचने के लिए एक मुहिम शुरू की, जिसमें लोगों को ठगों के झांसे में न आने का संकल्प दिलाया जा रहा है।

जानकारी के अनुसार कतारगाम के शांतिवन सोसाइटी में रहने वाले दिव्येश ने बताया कि 14 अक्टूबर 2019 को उसके फेसबुक पर नेहा पटेल के नाम से एक फ्रेंड रिक्वेस्ट आई थी। दिव्येश और नेहा पटेल की फेसबुक पर ही दोस्ती हो गई। इसके बाद नेहा ने अपनी मां की बीमारी का बहाने बनाते हुए कहा कि उसे पैसों की जरूरत है। नेहा ने दिव्येश को झांसा देकर 16.44 लाख रुपए ऐंठ ली।

कुछ दिन बाद जब दिव्येश ने रुपए वापस मांगा तो नेहा का फेसबुक अकाउंट ही बंद हो गया। दिव्येश ने चेक किया तो पता चला कि नेहा के नाम से फेसबुक पर चार फर्जी अकाउंट थे। दिव्येश ने ठगी की शिकायत दर्ज कराई है। दो दिन बाद पुलिस ने दंपती को गिरफ्तार किया।

टेक्निकल जांच: आरोपियों का लोकेशन पाटण था

साइबर क्राइम के सब इंस्पेक्टर जेबी आहिर और एएस आई पृथ्वीराज सिंह, कृष्णा और कांस्टेबल योगेश, एलआर पीयूष जांच में जुट गए। पुलिस ने नरेश पटेल और उसकी पत्नी हंसा पटेल को गिरफ्तार किया है। सब इंस्पेक्टर ने बताया कि टेक्निकल सर्विलांस की जांच करने पर दोनों का लोकेशन पाटण बता रहा था। पुलिस की टीम ने आरोपी को पाटन शहर के पदमनाथ चौराहे के पास स्थित यश कुटीर बिल्डिंग से गिरफ्तार किया है।

मां की किडनी फेल होने का दिया था झांसा

दिव्येश ने बताया कि फेसबुक पर दोस्ती होने के बाद नेहा ने बताया था कि उसकी मां की किडनी फेल हो गई है। उसे ऊंझा में अस्पताल में भर्ती कराया है। उसके पिता की पहले ही मौत हाे चुकी है। भाई बहुत छोटा है। मां के इलाज के लिए पैसों की बहुत जरूरत है। दिव्येश ने बताया कि कुछ दिन बाद नेहा ने कहा कि उसकी मां मर गई। जिन से रुपए उधार लिया था, अब वे वापस मांग रहे हैं।

दंपती अब तक 15-20 लोगों को ठग चुके हैं

पुलिस सब इंस्पेक्टर जेबी आहिर ने बताया कि आरोपी दंपती फेसबुक पर फर्जी अकाउंट बनाकर लोगों को फ्रेंड रिक्वेस्ट भेजते थे। इसके बाद मोबाइल पर बातचीत करके दोस्ती करते थे फिर किसी न किसी बहाने पैसे मांगते थे। पैसे मिलने के बाद अकाउंट बंद कर देते थे। दंपती को 15 अगस्त को गिरफ्तार किया गया। आरोपी अब तक 15 से 20 लोगों से ठगी कर चुके हैं।