नई दिल्ली । बिहार में गोपालगंज और बेतिया में जहरीली शराब से मौतों के बीच नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने सीएम नीतीश कुमार पर बड़ा हमला बोला है। तेजस्वी ने कहा कि उपचुनाव में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की शह पर उनके मंत्रियों और पुलिस प्रशासन ने स्वयं मतदाताओं के बीच शराब वितरण किया। तेजस्वी ने पूछा कि किस बात की शराबबंदी? इन मौतों का ज़िम्मेवार कौन है? बिहार में 20 हज़ार करोड़ की अवैध तस्करी और समांतर ब्लैक इकॉनमी के सरग़ना सामने आकर इसका जवाब दें। यह भी आरोप लगाया कि अधिकांश शवों को पुलिस बिना पोस्ट्मॉर्टम जला रही है। गौरतलब है कि दोनों जिलों में गुरुवार की दोपहर तक 25 लोगों की शराब से मौत हो चुकी थी। गोपालगंज में 17 लोगों की जान शराब से चली गई है। बेतिया में आठ लोगों की मौत हुई है। अपुष्ट सूचनाओं के अनुसार मौतें इससे ज्यादा हुई हैं। तेजस्वी ने ट्वीट करते हुए लिखा कि मुज़फ़्फ़रपुर में 5 दिन पूर्व ज़हरीली शराब से 10 मरे थे। कल और आज गोपालगंज में 20 लोगों की मौत हो गई। बेतिया में भी आज 13 लोगों की शराब से मौत हुई है। तेजस्वी ने यह भी आरोप लगाया कि अधिकांश शवों को पुलिस बिना पोस्ट्मॉर्टम जला रही है। पूछा कि इन मौतों के ज़िम्मेवार क्या शराबबंदी का बेसुरा ढोल पीटने वाले मुख्यमंत्री सह गृहमंत्री नीतीश कुमार नहीं है? वहीं, जेडीयू ने भी तेजस्वी को जवाब दिया है। प्रवक्ता नीरज कुमार ने कहा कि तेजस्वी यादव अप्रवासी बिहारी हैं। उन्हें बिहार की स्थिति की जानकारी नहीं है। वे खुद हेलिकॉप्टर रखे हुए थे तो चुनाव आयोग को जानकारी देनी चाहिए थी न! उन्होंने कहा कि वे चुनाव हार गए हैं तो आरोप लगा रहे हैं। पिता-पुत्र की राजनीति पर हलन्त लग गया है। वे बयान दिल्ली में बैठ कर दे रहे हैं। बिहार की जनता ने बिहार का नेता प्रतिपक्ष बनाया है। कहा कि तेजस्वी यादव के सारे आरोप हार की बौखलाहट से उपजे हुए हैं।