अभिनेत्री कंगना रनौत को हरामखोर कहने वाले शिवसेना सांसद संजय राउत का प्रमोशन हो गया है। कंगना के साथ जुबानी जंग को लेकर सुर्खियों में छाए शिवसेना नेता संजय राउत को शिवसेना प्रमुख उद्धव ठाकरे ने पार्टी का मुख्य प्रवक्ता नियुक्त किया है। शिवसेना ने मंगलवार को पार्टी के मुखपत्र सामना में यह घोषणा की।

संजय राउत के अलावा, शिवसेना ने 10 अन्य सदस्यों को प्रवक्ता के रूप में नियुक्त किया है। जिनमें शिवसेना के सांसद अरविंद सावंत, प्रियंका चतुर्वेदी और धीरशिल माने, महाराष्ट्र के मंत्री अनिल परब, उदय सामंत और गुलाबराव पाटिल, विधायक नीलम गोरे, प्रताप सरनाईक और सुनील प्रभु आदि शामिल हैं। मुंबई के मेयर किशोरी पेडणेकर को भी प्रवक्ता नियुक्त किया गया। सरनाईक मौजूदा विवाद में कंगना और भाजपा के खिलाफ मुखर रहे हैं।

कंगना रनौत के खिलाफ टिप्पणी करने वाले संजय राउत की आलोचना भी हुई है। हालांकि, पार्टी के अंदरूनी सूत्रों ने कहा कि यह घोषणा पार्टी सदस्यों को संदेश देने के लिए है कि वे कंगना और शिवसेना नेता के बीच चल रहे विवाद पर पार्टी की ओर से न बोलें।

कहां से विवाद शुरू हुआ
दरअसल, सुशांत सिंह केस में बीते कई दिनों से कंगना रनौत और शिवसेना नेताओं के बीच ट्विटर पर ज़ुबानी जंग छिड़ी हुई है। कंगना रनौत ने ट्वीट कर कहा था कि उन्हें महाराष्ट्र पुलिस पर भरोसा नहीं है। साथ ही वो चाहती हैं कि उनकी सुरक्षा का ज़िम्मा हरियाणा पुलिस या केंद्र की एजेंसी ले। इसी के बाद शिवसेना संजय राउत ने कंगना को मुंबई वापस न आने को कहा था और  कंगना के लिए हरामखोर शब्द का इस्तेमाल किया था।

बयान पर सफाई
बाद में संजय राउत ने अपनी सफाई दी और कहा कि महाराष्ट्र में इसका दूसरा मतलब होता है। यहां पर इसका मतलब नॉटी और बेईमान होता है। संजय राउत ने कहा, 'अगर कोई राजनीति करना चाहता है या फिर माहौल बनाना चाहता है तो किसी भी शब्द का कोई भी मतलब निकाला जा सकता है। हमारे महाराष्ट्र में जब भी बात करते हैं तो हरामखोर का मतलब नॉटी और बेईमान बताते हैं। वह (कंगना) नॉटी गर्ल है। मैंने देखा और पढ़ा है कि वह मजाक करती हैं। मैंने अपनी भाषा में कंगना को बेईमान कहा।

शिवसेना विधायक प्रताप सरनाईक ने क्या कहा था
सरनाईक ने ट्वीट कर कहा है कि मुंबई की तुलना पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर (पीओके) से करने के लिए कंगना पर देशद्रोह का मामला दर्ज होना चाहिए। सरनाईक ने कहा कि संजय राउत जी ने बहुत ही नरम होकर कंगना को सावधान किया था। अगर वह यहां आती हैं तो हमारी बहादुर महिलाएं उन्हें थप्पड़ मारे बगैर नहीं छोड़ेंगी।