इंग्लैंड में अगले माह जून से प्रीमियर लीग फुटबॉल मुकाबले शुरु हो सकते हैं। इससे क्लबों की बचा हुआ सत्र पूरा करने की उम्मीदों को बल मिला है। सरकार ने खाली स्टेडियमों में एक जून से इन खेलों की बहाली की अनुमति दे दी है। इससे पहले शीर्ष 20 फुटबॉल क्लबों ने खेल को फिर से शुरू करने की योजना पर बातचीत की थी। कोरोना संक्रमण के खतरे को देखते हुए एक जून के बाद शुरु हो रहे इन खेलों के दौरान स्टेडियम में दर्शक नजर नहीं आयेंगे। वहीं मैच के दौरान खिलाड़ी भी सामाजिक दूरी का ध्यान रखेंगे। प्रधानमंत्री बोरिस जॉनसन ने कहा कि टीवी पर खेलों की वापसी से लोगों पर सकारात्मक प्रभाव पड़ेगा हालांकि खेल प्रेमियों को स्टेडियमों में जाकर मैच देखने के लिये अभी लंबा इंतजार करना पड़ सकता है क्योंकि नये दिशानिर्देशों में कहा गया है कि दर्शकों के सामने खेल तभी होंगे जब संक्रमणों की दर में कमी आयेगी। प्रीमियर लीग के क्लब आठ जून से शुरू होने वाले सप्ताह से वापसी की योजना बना रहे हैं। मैचों की शुरुआत से पहले हालांकि इस प्रोटोकॉल पर सहमति जतानी होगी कि समूह में अभ्यास की सुरक्षित वापसी कैसे करनी है और प्रीमियर लीग ‘पॉजीटिव’ आने वाले मामलों से कैसे निबटेगा। क्लब ब्राइटन ने रविवार को पुष्टि की थी उसकी टीम का तीसरा सदस्य संक्रमित पाया गया है।
बुंदेसलीगा ने परीक्षण के लिए नियुक्त की कंपनी
वहीं जर्मनी की टीमों में संक्रमित मामले पाये गये हैं पर बुंदेसलीगा लीग इस सप्ताहांत शुरू हो रही है। इटली, स्पेन और पुर्तगाल की टीमों में भी संक्रमण के मामले मिले हैं। वहीं प्रीमियर लीग के सीईओ रिचर्ड मास्टर्स ने कहा, ‘‘हमारे पास तैयार प्रोटोकॉल है जिसकी समीक्षा की गयी है। हमने परीक्षण के लिये एक कंपनी नियुक्त की है। खिलाड़ियों और टीम मैनेजरों के साथ विचार विमर्श कर अगला अहम तय होगा।’’ 
खाली स्टेडियम में मैचों से नहीं मिलेगा लाभ : ईएफएल
इंग्लिश फुटबॉल लीग (ईएफएल) ने कहा है कि खाली स्टेडियम में मैचों का आयोजन भी क्लब को आर्थिक संकट से नहीं बचा पाएगा। ईएफएल के अनुसार खिलाड़ियों की ट्रेनिंग के लिए वापसी का कार्यक्रम ही 25 मई तक स्थगित हो गया है। यह लीग टीवी करार को पूरा करने के लिए सत्र के मैचों के आयोजन कराने का प्रयास कर रही है पर लीग के तीन डिवीजन के 71 क्लबों में से अधिकतर स्टेडियम में आने वाले दर्शकों को टिकट बिक्री से होने वाली कमाई पर ही निर्भर हैं। इससे पहले ब्रिटेन सरकार ने एलीट खेलों के एक जून से दर्शकों के बिना ही वापसी का रास्ता साफ किया था। कोरोना वायरस संक्रमण रोकने के लिए सामाजिक दूरी के नियमों को देखते हुए अभी खेल प्रशंसकों को स्टेडियम में आने की अनुमति नहीं होगी। ईएफएल ने क्लबों के साथ बैठक के बाद अपने एक बयान में कहा, ‘इस संकट से हुई भारी आर्थक हानि की भरपाई के लिए हल तलाशने की जरूरत है कयोंकि खाली स्टेडियम में खेल की वापसी से ही पिछले तीन माह में लॉकडाउन के कारण हुए नुकसान की भरपाई नहीं हो सकती।’ कोरोना वायरस संक्रमण के कारण मार्च से ही फुटबॉल मुकाबले बंद हैं।