अब हर जिले में महिला पुलिस थाना खुलेगा; 220 अर्द्धशहरी व ग्रामीण थाने और 199 नई पुलिस चौकियां बनेगी

अभी प्रदेश की राजधानी भोपाल समेत 10 जिलों में महिला थाने हैं।
शहरी क्षेत्र में 34 शहरी नए थाने बढ़ाए जाएंगे

मध्यप्रदेश में वर्ष 2020 में 54 हजार से ज्यादा महिलाओं से आपराधिक वारदातें हुईं। इसके अलावा साढ़े 14 से ज्यादा महिलाओं ने हेल्प लाइन नंबर 181 पर मदद मांगी। अब इसे देखते हुए मध्य प्रदेश सरकार ने प्रदेश के सभी जिलों में महिला थाना खोलने का निर्णय लिया है। इसके साथ ही 34 शहरी थाने, 220 अर्द्धशाहरी एवं ग्रामीण थाने तथा 199 नई पुलिस चौकियों का निर्माण किया जा रहा है।

इससे महिलाओं को अब किसी भी तरह की शिकायत होने पर सीधे महिला थाने में अपराध दर्ज कराने का एक और विकल्प मिल जाएगा। इसका सबसे बड़ा फायदा उन महिलाओं और लड़कियों को होगा, जो दूसरे शहरों में अपराध का शिकार होने के बाद अपने घर आती हैं। ऐसे में वे अब अपने गृह जिले के महिला थाने में भी अपराध दर्ज करा सकेंगी।

महिला थाने में महिलाओं की सुविधा को देखते हुए थाना प्रभारी महिला को ही रखा जाता है। इसकी घोषणा मंगलवार को बजट भाषण के दौरान वित्त मंत्री जगदीश देवड़ा ने की। अभी कुछ बड़े शहरों में ही महिला थाना संचालित किए जा रहे हैं।

इन शहरों में अभी महिला थाने हैं

मध्यप्रदेश में पहला महिला पुलिस थाना 10 अगस्त 1987 में भोपाल में खुला था। इसके अलावा इंदौर, उज्जैन, ग्वालियर, जबलपुर, सागर, रतलाम, रीवा और सतना में भी महिला थाना हैं। यहां महिलाएं कभी भी शिकायत कर सकती हैं। अब हर जिले में महिला थाना होने से महिलाओं को लोकल पुलिस थाने के साथ ही एक और विकल्प मिल जाएगा।

महिलाओं को जागरूक किया जा रहा

मंत्री देवड़ा ने कहा कि महिलाओं पर बढ़ते अपराध को रोकने के लिए महिलाओं को जागरूक किया जा रहा है। सामाजिक जन चेतना के मध्यम से भी महिला अपराधों को रोकने के लिए सम्मान अभियान शुरू किया गया है। यह अभियान निर्भया फंड से सेफ सिटी कार्यक्रम के तहत चलाया जा रहा है। गुम बच्चों को खोजने के लिए सरकार ने मुस्कान अभियान शुरू किया है।

डायल-100 को मोबाइल एप भी लांच

लोगों को आपातकाल में फौरन मदद उपलब्ध कराए जाने के लिए डायल-100 मोबाइल ऐप लॉन्च किया गया है। इसमें कॉल सेंटर में कालर की लोकेशन बेस्ट सिस्टम स्थापित किया गया है। सभी डायल-100 वाहनों से संपर्क के लिए रेडियो ओवर इंटरनेट प्रोटोकॉल की स्थापना की गई है। इससे तत्काल सहायता पहुंचाने में मदद मिलेगी।