हैदराबाद ।  टेनिस स्टार सानिया मिर्जा ने कहा है कि युवा महिला खिलाड़ियों को कोचिंग देते समय काफी संवेदनशील रहने की जरूरत है। सानिया ने यह बात अखिल भारतीय टेनिस संघ (एआईटीए) और भारतीय खेल प्राधिकरण (साई) द्वारा भारतीय प्रशिक्षकों के लिए आयोजित किए गए कार्यक्रम में कही। सानिया ने कहा, "जब लड़कियां युवा अवस्था में आती हैं तो कई चीजों से गुजरती हैं।" इसके साथ ही उन्होंने कहा, "आपके शरीर में अंदरूनी तौर पर काफी बदलाव होते हैं और बाहरी तौर पर भी। आप सर्वश्रेष्ठ टेनिस खिलाड़ी बनने की कोशिश करते हो और साथ ही आपके शरीर में हार्मोनल बदलाव होते हैं जिससे कई परेशानियां आती हैं जो जिंदगी भर बनी रहती हैं।" उन्होंने कहा, "आप उनको लेकर थोड़े बहुत संवेदनशील हो सकते हैं और कई बार टेनिस खिलाड़ी बनने के साथ-साथ वो अपने आप को भी खोजती रहती हैं, इसलिए उनके साथ काम करना काफी मुश्किल होता है।"सानिया ने इसी साल जनवरी में होबार्ट इंटरनेशनल के महिला युगल वर्ग में जीत के साथ वापसी की थी। सानिया से जब टेनिस खिलाड़ी और मां की दोहरी जिम्मेदारी निभाने के बारे में पूछा तो उन्होंने कहा, "जैसे मैंने सभी चीजों को संभाला। मैं टेनिस और मातृत्व दोनों को संभाल रही हूं। मैं भाग्यशाली हूं कि मेरी मदद करने वाले लोग मेरे आस-पास हैं। यह मेरे लिए बहुत बड़ी बात है।"