मध्य प्रदेश उपचुनाव:'कमल' के सामने अकेले पड़े नाथ; अब तक राहुल और प्रियंका का प्रचार कार्यक्रम तय नहीं, भाजपा के सभी स्टार प्रचारक मैदान में
 

मध्य प्रदेश में उपचुनाव को लेकर जारी प्रचार अभियान में कांग्रेस की तरफ से कमलनाथ अकेले पड़ते दिखाई दे रहे हैं। स्टारक प्रचारक राहुल गांधी और प्रियंका गांधी अब तक सभा करने मध्य प्रदेश नहीं आए हैं।
माना जा रहा है कि कमलनाथ के आइटम वाले बयान के बाद राहुल गांधी ने मध्य प्रदेश से बनाई दूरी
प्रियंका गांधी, सचिन पायलट की सभाएं होनी थीं, ग्वालियर में पोस्टर भी लगे, लेकिन अब तक नहीं हुईं

मध्य प्रदेश में उपचुनाव के लिए मतदान के लिए महज 8 दिन बचे हैं, वोटिंग 3 नवंबर को होगी। इसे लेकर कांग्रेस और भाजपा दोनों ने प्रचार में अपनी ताकत झोंक दी है। जहां भाजपा की ओर से मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान, केंद्रीय नरेंद्र सिंह तोमर, ज्योतिरादित्य सिंधिया और प्रदेश अध्यक्ष वीडी शर्मा समेत तीन अन्य केंद्रीय मंत्री प्रचार अभियान में पूरी ताकत से जुटे हुए हैं, वहीं कांग्रेस में अकेले कमलनाथ प्रचार अभियान में जुटे हैं। ऐसे में सवाल उठता है कि क्या उपचुनाव की जंग में कमलनाथ अकेले पड़ गए हैं?

माना जा रहा है कि कमलनाथ के 'आइटम' वाले बयान के बाद मचे हंगामे के बाद राहुल गांधी ने मध्य प्रदेश से दूरी बना ली है। बीते रविवार 18 अक्टूबर को डबरा में भाजपा प्रत्याशी इमरती देवी को आइटम कह दिया था। इस बयान पर राहुल गांधी ने कड़ी नाराजगी जताई थी और कमलनाथ को फटकार लगाते हुए कहा था कि वो मेरी पार्टी में जरूर हैं, लेकिन मुझे इस तरह की भाषा पसंद नहीं है।

भाजपा और कांग्रेस 30-30 स्टार प्रचारकों की सूची जारी कर चुके हैं। कांग्रेस की 18 अक्टूबर को जारी सूची में राहुल गांधी पहले नंबर पर सितारा नेता हैं, उसके बाद नेता मुकुल वासनिक और फिर तीसरे नंबर पर कमलनाथ का स्थान आता है। बताया जाता है कि कमलनाथ के बयान से राहुल के साथ ही प्रियंका भी नाराज हैं। इसलिए अब तक दोनों नेताओं ने मध्य प्रदेश का रुख नहीं किया है।

दिग्विजय सिंह ने भी इक्का-दुक्का सभाएं ही की हैं।

स्टार प्रचारकों में ये नाम शामिल, लेकिन दिखाई नहीं दिए

कांग्रेस की स्टार प्रचारकों की सूची में राहुल प्रियंका के अलावा राजस्थान के मुकुल वासनिक, मुख्यमंत्री अशोक गेहलोत, नवजोत सिंह सिद्धू, सचिन पायलट, अशोक चौहान, रणदीप सिंह सुरजेवाला जैसे बड़े नाम शामिल हैं। लेकिन ये कोई भी नेता उपचुनाव में चुनावी सभा करते नहीं दिखाई दिए। वहीं स्टार प्रचारकों की लिस्ट में छठे नंबर पर दर्ज पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह को भी पार्टी प्रचार अभियान से दूर रख रही है। दिग्विजय की इक्का-दुक्का सभाएं ही हुई हैं।

पूर्व मंत्री और कमलनाथ के करीबी नेता सज्जन वर्मा ने बताया कि सचिन पायलट और प्रियंका गांधी का प्रोग्राम बन रहा है। उनकी जल्द मध्य प्रदेश में चुनावी जनसभाएं होंगी। राहुल गांधी जी अभी बिहार में व्यस्त हैं, लेकिन उनके भी आने की संभावनाएं खत्म नहीं हुई हैं। राहुल गांधी जी के व्यस्त समय से कुछ तारीखें मध्य प्रदेश में प्रचार अभियान के लिए निकाली जाएंगी। सचिन पायलट और प्रियंका गांधी को एक साथ लाने की बात पर सज्जन वर्मा ने कहा कि वह दोनों अलग-अलग पर्सनैलिटी हैं। उनको एक साथ नहीं, बल्कि अलग-अलग सभाएं कराई जाएंगी।

शिवराज और भाजपा शब्दों के जाल से चुनाव जीतना चाहती है
सज्जन वर्मा ने कहा कि जहां तक इमरती देवी पर दिए बयान की बात है तो कमलनाथ जी उस पर खेद जता चुके हैं। अब खेद जताने और माफी मांगने में क्या फर्क है? क्या मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान को अपने नेता बिसाहूलाल साहू का दिया बयान दिखाई नहीं देता, जो वह कांग्रेस प्रत्याशी की पत्नी को लेकर आपत्तिजनक बात कहते हैं। वह उस पर एक शब्द भी नहीं बोलते और ना ही प्रधानमंत्री को चिट्ठी लिखते हैं। शिवराज सिंह चौहान शब्दों का जाल फैलाकर चुनाव जीतना चाहते हैं। इनके पास कोई भी चुनावी मुद्दा बचा नहीं है।

चुनाव प्रचार में शिवराज से पिछड़े कमलनाथ

उपचुनाव में आचार संहिता लगने 29 सितंबर से लेकर 23 अक्टूबर तक 25 दिनों में शिवराज सिंह चौहान 41 सभाएं कर चुके हैं। वहीं कमलनाथ ने इन 21 सभाएं कीं हैं। ये दोनों नेता हर रोज 3-4 सभाएं कर रहे हैं। अभी 10 दिन हैं, ऐसे में ये दोनों नेता हर सीट पर कम से कम दो बार जा सकते हैं। भाजपा नेताओं में ज्योतिरादित्य सिंधिया ने 25 सभाएं, केंद्रीय मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर ने 17 और प्रदेश अध्यक्ष विष्णुदत्त शर्मा ने 19 सभाएं की हैं। कांग्रेस में अजय सिंह, अरुण यादव और सज्जन सिंह वर्मा सक्रिय हैं, उन्होंने 8 से 10 सभाएं की हैं। वहीं स्टार प्रचारक दिग्विजय सिंह ने इक्का-दुक्का सभाएं ही की हैं।

कांग्रेस में एक, भाजपा के पास तीन हेलीकॉप्टर

15 अक्टूबर तक भाजपा दो हेलीकॉप्टर का उपयोग कर रही है, जिसमें एक सीएम और एक हेलीकॉप्टर प्रदेश अध्यक्ष वीडी शर्मा व नरेंद्र सिंह तोमर के पास है। सिंधिया के 18 अक्टूबर से एक्टिव होने के बाद एक हेलीकॉप्टर उन्हें दिया गया है। वहीं कांग्रेस में कमलनाथ ही एक हेलीकॉप्टर का उपयोग कर रहे हैं।