इंदौर. मध्य प्रदेश के पीडब्ल्यूडी मंत्री सज्जन सिंह वर्मा (Sajjan Singh Verma) ने कहा है कि जिन लोगों का जांच आयोग की रिपोर्ट में नाम आ रहा है चाहे वो हनी ट्रैप का मामला हो, पेंशन घोटाला (Pension Scam) हो या सिंहस्थ घोटाले का मामला, हम तथ्यों के आधार पर आरोपी बना रहे हैं. बीजेपी तो बिना एफआईआर के लोगों को जेल में डाल रही है.

'बदले की भावना से काम करती है केंद्र सरकार'

कमलनाथ सरकार के मंत्री सज्जन सिंह वर्मा ने आरोप लगाया कि केन्द्र की सरकार बदले की भावना से काम करती है. उन्होंने कहा कि, 'कांग्रेस के वरिष्ठ नेता पी चिदम्बरम का एफआईआर में नाम तक नही है, उन्हें तिहाड़ जेल में डाल रखा है. उन्होंने कहा कि ये समझ से परे है कि महाराष्ट्र चुनाव के पहले प्रफुल्ल पटेल से 12-12 घंटे पूछताछ की गई, एनसीपी नेता शरद पवार पर ईडी का छापा मारा जाता है, ईडी पूछताछ करती है बीजेपी इस तरह की भूमिका बनाकर बदले की कार्रवाई कर रही है, जबकि कमलनाथ सरकार तथ्यों के आधार पर ही कार्रवाई कर रही है.'


सांसद डामोर के खिलाफ ये हैं आरोप

रतलाम झाबुआ सांसद और लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के रिटायर्ड चीफ इंजीनियर गुमान सिंह डामोर के खिलाफ आर्थिक अपराध अन्वेषण प्रकोष्ठ ने टंकी खरीदी के मामले में एफआईआर दर्ज की है. उन पर इंदौर जोन में चीफ इंजीनियर रहते हुए सिंहस्थ 2016 में पानी की टंकियों की खरीदी में आर्थिक अनियमितता के आरोप हैं. आरोप है कि डामोर ने अधिकार क्षेत्र से बाहर जाकर एक टेंडर के तीन टुकड़े कर खरीददारी की इससे सरकार को आर्थिक हानि हुई हैं टेंडर खरीदी प्रक्रिया में प्रशासकीय त्रुटियां भी सामने आई है