नई दिल्ली ।  भारतीय हॉकी टीम के डिफेंडर कोठाजीत सिंह ने कहा है कि कोरोना महामारी के कारण लॉकडाउन से कई परेशानियां हुई हैं पर इससे एक सीख भी मिली है। वह यह कि हर स्थिति में धैर्य और अपने पर विश्वास बनाये रखना चाहिये। लॉकडाउन की अवधि अन्य लोगों की तरह ही खिलाड़ियों के लिए भी कठिन रही है। हॉकी से दूर रहना हमेशा कठिन होता है। इस युवा खिलाड़ी ने कहा, मैं लगभग सात साल से भारतीय टीम में हूं और इसलिए मैं लॉकडाउन अवधि का उपयोग कर सोच सकता हूं कि मैंने अपने करियर में कैसे प्रगति की है। किसी भी खिलाड़ी के जीवन में यह प्रमुख तत्व हैं। अवसर आएंगे और जाएंगे, पर सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि मैं अपना शत-प्रतिशत देता रहूं और हर बार खुद पर विश्वास करूं कि मैं पिच पर हूं। इस दौरान मैंने अपने पिछले मैचों के बहुत सारे फुटेज भी देखे और मैंने कुछ पहलुओं पर ध्यान दिया है जिन्हें मुझे आगामी महीनों में खेल में सुधार का अवसर मिलेगा। साई सैंटर में लॉकडाउन के दौरान शारीरिक फिटनेस बनाए रखने को लेकर कोठाजीत ने कहा, हमारा सबसे बड़ा मंत्र फिटनेस ही था। लगातार व्यायाम निश्चित रूप से मानसिक और शारीरिक रूप से ताजा होने में मदद करता है। फिटनेस शेड्यूल को पूरा करना मेरे दिन का सबसे अच्छा हिस्सा था। इससे मुझे कठिन समय के दौरान प्रेरित रहने में मदद मिली।