वास्तु शास्त्र में घर के कोने-कोने से जुड़े टिप्स बताए गए हैं, जिन्हें अपनाने से न केवल घर के दोष दूर होते हैं बल्कि जीवन में सफलता, तरक्की के साथ-साथ खुशियों का आगमन होता है। आज इस आर्टिकल में हम आपको वास्तु शास्त्र में बताए गए रसोई से जुड़े खास टिप्स बताने जा रहे हैं। कहा जाता है कि घर का सबसे अहम हिस्सा होता है, वो जहां अन्नपूर्णा माता निवास करती हैं, यानि रसोई। वास्तु शास्त्री बताते हैं कि इसका संबंध घर-परिवार की सुख- शांति व समृद्धि से होता है। इसलिए यहां कुछ चीजों को भूलकर भी नहीं रखना चाहिए। अगर इन्हें रखा जाए तो घर में नकारात्मक ऊर्जा का अधिक प्रवेश होता है, जो वहां रह रहे लोगों के लिए अच्छा नहीं होता।

यहां जानें कौन सी हैं वो चीज़ें-
वास्तु शास्त्र में बताया गया है कि रसोई में किसी भी हालत में दवा नहीं रखनी चाहिए। कहा जाता है ऐसा करने से घर के सदस्यों को बीमारियां जकड़ लेती हैं। जिसके परिणाम स्वरूप आर्थिक संकट भी पैदे होते हैं।

अक्सर देखा जाता है कि महिलाएं भोजन बनाने के बाद बचा हुआ गुथा हुआ आटा फ्रिज में रख देती हैं। जिसका वो बाद में उपयोग करती हैं। परंतु वास्तु शास्त्र के अनुसार ऐसा करना शुभ नहीं होता। बल्कि कहा जाता है ऐसा करने से घर पर शनि व राहु ग्रह का नकारात्मक प्रभाव पड़ता है।

वास्तु विशेषज्ञ बताते हैं कि कभी भी किसी व्यक्ति को घर की रसोई में मंदिर नहीं बनाना चाहिए न ही किसी देवी देवता की प्रतिमा या चित्र रखवा चाहिए। कहा जाता है कि क्योंकि रसोई में सात्विक और तामसिक दोनों के प्रकार के भोजन बनते हैं। इसलिए यहां किसी देवी-देवती प्रतिमा रखनी शुभ नहीं होती।

इसके अलावा बताया जाता बै कि रसोई में टूटे और चटके बर्तनों का इस्तेमाल भी घर के सदस्यों को अशु प्रदान करते हैं। इससे घर की आर्थित स्थिति खरबाब होती है और सिर पर कर्ज का भार भरने लगता है।

आखिर में बताया जाता है न केवल वास्तु शास्त्र के अनुसार बल्कि सनातन धर्म के ग्रंथों में भी वर्णन किया गया है कि रसोई में जूते चप्पलों के साथ नहीं जाना चाहिए। इससे घर के लोगों पर बुरा प्रभाव पड़ता है।