नई दिल्ली । कोरोना काल में लॉकडाउन के चलते ऑटोमोबाइल इंडस्ट्री को तगड़ा झटका लगा, लेकिन अब अनलॉक के साथ-साथ हालात तेजी से बेहतर होते दिख रहे हैं। हालांकि, इसकी एक बड़ी वजह कोरोना ही है, जिसके डर से लोग पब्लिक ट्रांसपोर्ट का इस्तेमाल करने से डर रहे हैं। हुंडई मोटर इंडिया लिमिटेड ने जुलाई महीने में कुल 41,300 गाड़ियां बेची हैं। इनमें से 38,200 गाड़ियां भारत में बिकी हैं, जबकि 3,100 गाड़ियों का निर्यात किया गया है। हुंडई के सेल्स, मार्केटिंग और सर्विस के डायरेक्टर तरुण गर्ग ने जुलाई के प्रदर्शन पर टिप्पणी करते हुए कहा ‎कि एक जिम्मेदार ऑर्गेनाइजेशन की तरह ये हमारा कर्तव्य है कि हम देश की आर्थिक स्थिति को फिर से पटरी पर लाने की दिशा में अपना योगदान दें। अब लोगों की जरूरतें ट्रेंड के हिसाब से बदल गई हैं और लोग अपने निजी वाहन से आना जाना पसंद करते हैं तो बाजार की डिमांड को पूरा करने के लिए हम लगातार कोशिश कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि जुलाई 2020 में कुल 38,200 यूनिट भारत में बेची गईं, जो जुलाई 2019 की तुलना में उसका करीब 98 फीसदी है। ये आंकड़ा पिछले साल के लगभग बराबर है। उन्होंने बताया कि सबसे अधिक मांग क्रेटा, वेन्यू, वर्ना, इलाइट आई20 और निओस की आ रही है।