बिलासपुर । गांधी चैक के समीप प्रशिक्षु डीएसपी और उसकी बहन पर प्राणघात हमला के मामले में कोतवाली पुलिस ने एक नाबालिग समेत पांच ऑटो चालकों को गिरफ्तार किया है। सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार बालोद निवासी भुपत सिंह धनेश्वरी 30 वर्ष कोरबा जिले के डीएसपी हैं। भूपत उरगा थाना में पदस्थ है। डीएसपी की बहन पढ़ाई बिलासपुर में रहकर पढाई करती है। उसकी बहन रविवार को पीएससी की परीक्षा देने दुर्ग गई थी। डीएसपी ने अपनी बहन को लेने दुर्ग गए थे। वहां से डीएसपी अपनी बहन के साथ अमरकंटक एक्प्रेस से रात करीब 11.30 बजे बिलासपुर पहुंचे। स्टेशन के बाहर एक ऑटो में बैठकर गांधी चौक आ रहे थे। इसी बीच रास्ते में ऑटो चालक ने बैठकर दो अन्य सवारियों को बैठा रहे थे। चालक ने डीएसपी को आगे में बैठने के लिए कहा लेकिन, डीएसपी ने नियम का हवाला देकर सामने में बैठने के लिए इनकार किया। इससे ऑटो चालक उसके साथ विवाद करने लगा। गुस्से में आकर चालक ने डीएसपी के साथ झुमाझटकी करने लगा। डीएसपी व बहन ने विवाद को शांत कराया। इसके बाद डाीएसपी ने दूसरे ऑटो में बैठकर गांधी चौक आ गए। इसी बीच उस ऑटो चालक ने अपने अन्य 12-15 ऑटो वाले साथियों के साथ पीछा करते हुए चौक पहुंच गया। गांधी चौक के पास ऑटो चालकों ने डीएसपी को घेर लिया। इसके बाद  मारपीट करते हुए राड़ व लाठी से ताबड़तोड़ सर वारकर प्राणघात हमला कर दिया। बहन ने बीच बचाव करने का प्रयास किया तो उनके साथ भी मारपीट की गई। इस हमले में डीएसपी के सिर पर गंभीर चोट आई है हमला। डीएसपी घटना स्थल पर ही जमीन पर बेहोश होकर गिर पड़े। घटना की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची। तब तक सभी ऑटो चालक वहां से भाग निकले। डीएसपी खून से लथपथ बेहोशी के हालत में सडक़ पर पड़े थे। पुलिस ने उसे सिम्स में  भर्ती कराया। इस मामले में कोतवाली पुलिस ने देर रात तक आरोपियों की तलाश में जुटी रही। सूत्रों के अनुसार रात में ही जूना बिलासपुर से एक आरोपी मोहम्द अलताफ को पकड लिया गया। अब तक एक नाबालिग समेत पांच आटो चालाकों को गिरफ्तार किया गया है तथा दो की तालश में जुटी है। आरोपियों के खिलाफ धारा 307, 294, 323, 506 व 34 के तहत कार्रवाई की गई।