नई ‎दिल्ली । सरकारी कंपनी कोल इंडिया लिमिटेड (सीआईएल) ने कहा कि उसने अप्रैल-जून तिमाही के दौरान ई-नीलामी की चार व्यवस्थाओं के तहत कोयला आवंटन में 21.5 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की है। कंपनी ने कहा कि इस दौरान उसने 197.6 लाख टन कोयले की ई-नीलामी की। साल भर पहले की इसी तिमाही में कंपनी ने 162.6 लाख टन कोयले की ई-नीलामी की थी। ई-नीलामी की चार व्यवस्थाओं में कच्चे कोयले की हाजिर ई-नीलामी, बिजली उत्पादकों के ‎लिए विशेष अग्रिम ई-नीलामी, गैर- बिजली क्षेत्र के लिए विशिष्ट ई-नीलामी और विशेष हाजिर नीलामी शामिल हैं। कंपनी ने कहा कि इस दौरान गैर बिजली क्षेत्र की खरीद में तीन गुना वृद्धि आई है। इस क्षेत्र को कंपनी ने जून 2020 तिमाही में 66.6 लाख टल कोयले की ई-नीलामी की, जो साल भर पहले की समान तिमाही में महज 22 लाख टन थी। हाजिर ई-नीलामी के तहत कोल इंडिया ने जून तिमाही में 244 लाख टन कोयले की पेशकश की। यह साल भर पहले के 98 लाख टन से 149 प्रतिशत अधिक है। जून महीने में कंपनी ने 37 लाख टन कोयले की ई-नीलामी की, जो साल भर पहले से 77 प्रतिशत अधिक है। जून 2019 में कंपनी ने 21 लाख टन कोयले की ई-नीलामी की थी। कोल इंडिया का घरेलू कोयला आपूर्ति में 80 प्रतिशत से अधिक योगदान है।