लखनऊ। यूपी त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव की तारीखों के ऐलान से पहले ही दावेदारों ने अपने-अपने पक्ष में प्रचार करना शुरू कर दिया है। दावेदार सोशल मीडिया के सहारे वोट मांग रहे हैं और अपनी छवि संवारने की जुगत में लगे हैं। मतदाताओं को लुभाने के लिए प्रत्याशी अनोखे-अनोखे स्लोगन शेयर कर रहे हैं। कोई सोशल मीड़िया पर खुद को बेहतर बताने में जुटा है तो कोई मतदाताओं से झांसे में न आने की अपील कर रहा है। कई प्रत्याशी सोशल मीड़िया पर ग्रुप बनाकर मतदाताओं से जुड़ने के प्रयास में लग गए हैं।
  अगर पिछले कुछ चुनाव की बात करें तो मतदान से पहले गांव की गलियां पोस्टर और बैनर से पटे होते थे। लेकिन इस बार नजारा कुछ अलग हैं। डिजिटल युग में संभावित प्रत्याशी इस बार पंचायत चुनाव में प्रचार का अहम जरिया सोशल मीडिया ही दिख रहा है। लोग ग्रुप बनाकर अपने जानने वालों को लगातार मैसेज भेज रहे हैं और अपील कर रहे हैं कि ईमानदार छवि वाले ही प्रत्याशी को चुनें। इतना ही नहीं दावेदार ग्रुप के जरिए ज्यादा से ज्यादा मतदाताओं से जुड़ने का प्रयास भी कर रहे हैं। दरअसल इंटरनेट के जमाने में सोशल मीडिया एक मजबूत प्लेटफार्म है, जहां से मतदाताओं तक पहुंचना आसान तो है ही बल्कि सस्ता और सटीक भी है। यही वजह है कि इस बार परंपरागत प्रचार शैली से प्रत्याशी दूर नजर आ रहे हैं।