जब उद्योगपतियों का लोन माफ़ किया जा सकता तो छोटे दुकानदार व व्यापारियों का भी माफ़ होना चाहिए,,,सरकार ध्यान दे,यह टूट गए तो बेरोजगारी की समस्या बड़ जाएगी,,,बैंको को सख्त निर्देश दे की इस कॉरोना समय व आर्थिक मंदी में लेनदार दुकानदार व्यापारियों को तनाव न दे,भर पूर ब्याज लेने के बाद भी संतुष्ट नहीं,तनाव व दबाव बनाते है लोगो पर,,,तरस खाए,,,सरकार निर्देश दे आर्थिक मंदी में,अच्छे अच्छे व्यापारी त्रस्त हे आर्थिक मंदी से जो की सभी जगह पूरे देश में हे,वैसे भी बिगत तीन साल से आर्थिक मंदी चल रही थी,,नोट बंदी व बड़ी बड़ी कंपनियों को ऑन लाइन के कारण,कौन आएगा छोटे,मोहले के बाज़ार में,कैसे बनेगा स्वरोजगार करने वाला आत्म निर्भर प्रायोगिक रूप से देखे,सरकार की कोई सहायता नहीं टूटे हुए स्वरोजगार करने वालो पर,,सरकार व उद्योग विभाग के अधिकारी ध्यान दे,बेरोजगारी मिटाने का स्वरोजगार के अलावा कोई भी विकल्प नहीं,यह सब जानते हे,,,जनहित में जारी