भोपाल । जानलेवा कोरोना वायरस के बीती 22 फरवरी की स्थिति में पूरे प्रदेश में 2104 सक्रिय मरीज थे। इनमें 62 फीसद मरीज होम आइसोलेशन में, जबकि 38 फीसद सरकारी और निजी अस्पतालों में भर्ती हैं। उक्त जानकारी स्वास्‍थ्‍य विभाग की एक रिपोर्ट में दी है।  रिपोर्ट के अनुसार, कुल मरीजों में 9 फीसद मरीज आइसीयू में हैं। इनके अलावा 10 फीसद मरीज साधारण आइसोलेशन वार्ड में है, लेकिन उन्हें भी ऑक्सीजन सपोर्ट पर रखा गया है। मालूम हो ‎कि एक बार ‎पुन: प्रदेश में कोरोना के मरीज बढ़ने के साथ ही सक्रिय मरीजों की संख्या भी बढ़ रही है। पिछले साल सितंबर से दिसंबर के बीच भी 8 से 9 फीसद मरीज आईसीयू में थे। इस लिहाज से मरीजों की संख्या भले ही सितंबर अक्टूबर के मुकाबले अभी कम है, लेकिन गंभीर मरीजों की संख्या कम नहीं है। हालांकि यह अच्छी बात है कि मरीजों की मृत्‍युदर कम है।मरीजों की संख्या बढ़ने के साथ ही प्रदेश में कोरोना की जांच कराने वालों की संख्या भी बढ़ी है। 4 दिन पहले तक करीब 13000 जांचें हो रही थीं, जबकि मंगलवार को 15000 जांच की गईं। संक्रमण दर 2.2 फीसद रही।बुधवार को जारी हेल्थ बुलेटिन के अनुसार प्रदेश में मंगलवार को 344 मरीज मिले, जबकि 2 मरीजों की मौत अलग-अलग जिलों में इस बीमारी से हुई है। करीब डेढ़ महीने बाद ऐसी स्थिति बनी है, जब प्रदेश में 1 दिन के भीतर कोरोना मरीजों की संख्या 300 के ऊपर पहुंची है। सबसे ज्यादा मरीज इंदौर में और उसके बाद भोपाल में मिल रहे हैं। भोपाल में मंगलवार को 70 और गुरुवार को 62 मरीज मिले हैं।