जयपुर । राज्य में आदर्श आचार संहिता हटने के बाद गहलोत सरकार ने ब्यूरोक्रेसी में एक बार फिर बड़ा बदलाव किया है। इस क्रम में सरकार 10 आईएएस अफसरों के तबादले कर दिए हैं। राज्य के कार्मिक विभाग ने देर रात तबादले के आदेश जारी कर दिए। दरअसल, एनएचएम में भर्ती घोटाला उजागर होने के बाद सरकार ने एनएचएम एमडी समित शर्मा का तबादला कर दिया है। समित शर्मा को अब श्रम आयुक्त एवं प्रबंध निदेशक की जिम्मेदारी सौंपी गई है। इसी प्रकार खाद्य विभाग की प्रिंसिपल सेक्रेटरी मुग्धा सिन्हा का तबादला शासन सचिव सूचना एवं प्रौद्योगिकी के पद पर किया है। खाद्य मंत्री रमेश मीणा का आरोप था कि मुग्धा सिन्हा महत्वपूर्ण फाइलों को स्वीकृति नहीं दे रही हैं। इस संबंध में खाद्य मंत्री ने कई बार मुख्य सचिव डीबी गुप्ता से भी मुग्धा सिन्हा की शिकायत की थी।
गहलोत सरकार ने उदयपुर के संभागीय आयुक्त भवानी सिंह देथा का भी तबादला कर दिया है। बता दें कि पिछली सरकार में भी भवानी सिंह का दो बार तबादला हुआ था, परंतु दोनों ही बार भवानी सिंह अपना तबादला रद्द कराने में सफल रहे थे। तबादला सूची से जाहिर है कि गहलोत सरकार सरकारी दस्तावेज बने जन घोषणा पत्र के अहम बिंदुओं को धरातल पर उतारना चाहती है। साथ ही जो अफसर सरकार की नीतियों और कार्यक्रमों को आमजन तक पहुंचाने में असफल रहे हैं, उनका तबादला करने में सरकार कोई भी रियायत देने के मूड में नहीं है। इन तबादलों से सरकार ने साफ संकेत दिया है कि सरकारी कामकाज में पारदर्शिता एवं सुचिता लाने के लिए सरकार पूरी तरह प्रतिबद्ध है।